Deep
Sunday, 28 June 2015
SHAFAR
शफर
4
पल
का
ये
शफर
काश
कल
हो
जाये
!
घर
जाना
है
मगर
कास
कल
हो
जाए
!
तूम
चलो
हम
चले
मगर
काश
कल
हो
जाए
!
ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह
!
खत्म
हुआ
ये
शफर
कास
ये
शफर
कल
फिर
हो
जाए
!!!!!!!!!!!!!!!!!!!!!
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लोग अकसर कहते है
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